कवि /साहित्यकारों एवं कलाकारों द्वारा एक स्वर में उठाई गई मांग
राजभाषा के आयोजन में कवयित्री सुषमा की मोबाइल कविता की गूंज
राजनांदगांव / छत्तीसगढ़ राजभाषा दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर में एकत्रित हुए प्रदेश भर के कवि/ साहित्यकार एवं रंगधर्मी कलाकारों द्वारा वरिष्ठ कवि/ साहित्य आत्माराम कोशा “अमात्य” के नेतृत्व में संस्कृति मंत्री को ज्ञापन सौंप कर लोक सांस्कृतिक क्रांति के जनक संस्था चंदैनी-गोंदा के संस्थापक श्रद्धेय दाऊ रामचंद्र देशमुख के नाम पर राज्य अलंकरण दिए जाने की मांग की गई। इस अवसर पर उपस्थित धरसीवां के विधायक व छत्तीसगढ़ी फिल्मी कलाकार अनुज शर्मा व अन्य लोक कला धर्मियो ने भी इस मांग का समर्थन करते हुए राज्य शासन द्वारा दाऊ रामचंद्र देशमुख के नाम से सम्मान दिये जाने को गर्व का विषय बताया।
बता दें कि गत दिनों छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग (छ०ग०शासन) द्वारा राजधानी रायपुर के महंत राजा सर्वैश्वर दास आडिटोरियम में
छत्तीसगढ़ी राजभाषा दिवस का आयोजन किया गया जिसके मुख्य अतिथि छ०ग० शासन के संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल जी थे। कार्यक्रम में पूर्व संस्कृति मंत्री व वर्तमान सांसद -रायपुर बृजमोहन अग्रवाल, विधायक
पुरंदर मिश्र छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम के अध्यक्ष मोना सेन छत्तीसगढ़ साहित्य अकादमी के अध्यक्ष शशांक शर्मा उपस्थित रहे।
आठवीं अनुसूची में दर्ज होगी छत्तीसगढ़ी भाषा
इस दौरान संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल द्वारा छत्तीसगढ़ राजभाषा दिवस की सबको बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ी को आठवीं अनुसूची में दर्ज करने के लिए पूर्व में प्रयास किए जा चुके हैं अब पूरी तैयारी के साथ केंद्र को प्रस्ताव भेज कर इसे जल्द पूरा किया जाएगा। पूर्व संस्कृति मंत्री व सांसद श्री अग्रवाल ने छत्तीसगढ़ी को छत्तीसगढ़ की अस्मिता बताते हुए इसे आठवीं अनुसूची में दर्ज कराने इसकी तैयारी पर जोर दिया।
राजभाषा आयोग में गूंजी मोबाइल कविता
छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग दिवस के आयोजन में जहां छत्तीसगढ़ी को छठवीं अनुसूची में दर्ज पर चर्चा गोष्ठी आयोजित रही वहीं प्रदेश भर से आए दिग्गज कवियों का कवि सम्मेलन आयोजित किया गया जिसमें राजनांदगांव की सुप्रसिद्ध कवयित्री सुषमा शुक्ला “अंशुमन” ने छत्तीसगढ़ी में मोबाइल कविता सुना कर खासी वाहवाही पाई। उक्त कविता का जूनून लोगों में ऐसा छाया रहा है संचालन कर रहे रंगधर्मी विजय मिश्रा “अमित” इसे माहौल में गुंजायमान करते रहे। इसी तरह हर्षा देवांगन, गायत्री साहू आनंद राम सार्वा अनंत की कविताएं भी तालियां बटोरी।
*अभिलाषा बेहार जी का किया गया सम्मान*
छत्तीसगढ़ी राजभाषा दिवस अवसर पर राजनांदगांव जिले से पधारे कवि / साहित्यकारों ने छत्तीसगढ़ साहित्य सृजन समिति द्वारा पूर्व संस्कृति मंत्री, सांसद बृज मोहन अग्रवाल के हाथों छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग के सचिव अभिलाषा बेहार जी का शाल श्री फल व स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मान किया गया। इस दौरान छत्तीसगढ़ साहित्य सृजन समिति के अध्यक्ष अखिलेश्वर प्रसाद मिश्रा”अकाट्य” सचिव- मानसिंह मौलिक, उपाध्यक्ष -सुषमा शुक्ला “अंशुमन” संरक्षक- एवं राजभाषा आयोग के जिला समन्वयक- आत्माराम कोशा “अमात्य” ,वरिष्ठ साहित्यकार कुबेर साहू, पीसी लाल यादव, लखन लाल साहू “लहर” गजेंद्र हरिहारणो “दीप” महेंद्र बघेल “मधु” आनंदराम सार्वा “अनंत” हर्षा देवांगन, पद्मा पर्वणी, गायत्री साहू,सियाराम साह, सहित बड़ी संख्या में कवि/साहित्यकार एवं कला धर्मियो की गरिमामय उपस्थिति बनी रही।
